क्या अब JDU का नाम बदलकर होगा ‘जनता दल नीतीश’?

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आलोक सिंह
आलोक सिंह, रेजिडेंट एडिटर

बिहार की सियासत में जनता दल यूनाइटेड (JDU) के अंदर बड़े बदलाव की सुगबुगाहट तेज हो गई है। आगामी 18 सितंबर को पटना में जेडीयू विधानमंडल दल की एक महत्वपूर्ण बैठक होने जा रही है, जिसमें पार्टी के सभी विधानमंडल सदस्यों को तलब किया गया है। इस बैठक का सबसे बड़ा एजेंडा पार्टी का नाम बदलकर ‘जनता दल नीतीश’ करने के प्रस्ताव पर चर्चा करना माना जा रहा है। इसके अलावा, आगामी विधान परिषद (MLC) चुनाव की रणनीति और संगठन को मजबूत करने जैसे अहम मुद्दों पर भी गहन मंथन होगा।

‘जनता दल नीतीश’ नाम पर ली जाएगी सदस्यों की राय

बैठक के एजेंडे को लेकर ग्रामीण कार्य मंत्री और जेडीयू नेता सुनील कुमार ने अहम जानकारी साझा की है। मंत्री ने बताया कि पार्टी का नाम बदलकर ‘जनता दल नीतीश’ करने के प्रस्ताव पर सदस्यों की राय ली जा सकती है। उन्होंने कहा कि नीतीश कुमार पार्टी के सर्वमान्य नेता हैं और इस प्रस्ताव पर सभी सदस्यों की सहमति बनने के बाद ही कोई अंतिम निर्णय लिया जा सकता है।

यह पहली बार नहीं है जब नाम बदलने की बात उठी है। इससे पहले जेडीयू के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष संजय झा ने भी पार्टी का नाम नीतीश कुमार के नाम पर करने का प्रस्ताव रखा था।

NDA उम्मीदवारों की जीत और विधान परिषद चुनाव पर फोकस

इस बैठक में चुनावी बिसात भी बिछाई जाएगी। सुनील कुमार ने स्पष्ट किया कि भले ही राज्य में अभी विधानसभा चुनाव नहीं हैं, लेकिन आगामी विधान परिषद चुनाव पार्टी के लिए बेहद अहम हैं। बैठक में एनडीए (NDA) गठबंधन के सभी उम्मीदवारों की जीत सुनिश्चित करने की रणनीति पर चर्चा की जाएगी। सभी सदस्यों को उनके संबंधित क्षेत्रों में चुनावी तैयारियों को तेज करने और उम्मीदवारों के समर्थन में काम करने के निर्देश दिए जा सकते हैं।

सदन में प्रभावी प्रदर्शन के लिए विशेष वर्कशॉप

विधायकों की विधायी समझ और कौशल को बेहतर बनाने के लिए बैठक के दौरान एक विशेष वर्कशॉप भी आयोजित की जाएगी। इसमें सभी सदस्यों को विधानमंडल के अधिकारों, नियमों और प्रावधानों की विस्तृत जानकारी दी जाएगी। इसके साथ ही, सदन के भीतर अपनी बात को तार्किक और प्रभावी ढंग से रखने तथा सवालों के जवाब देने के तौर-तरीकों पर भी चर्चा होगी।

तेजस्वी यादव के ‘इंजन’ वाले तंज पर पलटवार

विपक्ष के नेता तेजस्वी यादव द्वारा राज्य सरकार पर कसे गए ‘दोनों इंजन जल गए’ वाले तंज पर भी जेडीयू ने सख्त प्रतिक्रिया दी है। सुनील कुमार ने विपक्ष के बयानों को खारिज करते हुए कहा कि विपक्ष क्या बोलता है, इससे सरकार को कोई मतलब नहीं है।

उन्होंने सरकार के राहत कार्यों का ब्योरा देते हुए दावा किया कि प्रशासन बाढ़ से निपटने के लिए पूरी तरह मुस्तैद है। प्रभावित इलाकों में कम्युनिटी किचन चलाए जा रहे हैं और क्षतिग्रस्त घरों, लोगों के भोजन व पशुओं के चारे की व्यवस्था की जा रही है। मंत्री ने यह भी बताया कि फसल क्षति का आकलन कर लिया गया है और जल्द ही बाढ़ पीड़ितों के बैंक खातों में डीबीटी (DBT) के माध्यम से राहत राशि भेज दी जाएगी।