यूपी में TGT, PGT और बेसिक शिक्षा में बंपर पद; जानें पूरा ब्योरा

उत्तर प्रदेश में आगामी विधानसभा चुनावों की आहट के बीच राज्य सरकार ने बेरोजगार युवाओं और शिक्षक भर्ती की तैयारी कर रहे अभ्यर्थियों के लिए बड़ा कदम उठाया है। प्रदेश में बेसिक शिक्षा परिषद से लेकर उच्च शिक्षा और माध्यमिक स्तर तक 60 हजार से अधिक पदों पर बंपर भर्ती की प्रक्रिया शुरू होने जा रही है। उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग और उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग (UPPSC) की ओर से इन रिक्तियों के नोटिफिकेशन जल्द जारी किए जाएंगे। जानकारी के अनुसार, दिसंबर 2026 तक इन सभी भर्तियों की लिखित परीक्षाएं संपन्न कराने की रूपरेखा तैयार कर ली गई है।
सीएम योगी का ऐलान: ‘टीईटी पास युवाओं के लिए खुलेगा नौकरियों का खजाना’
हाल ही में आयोजित उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET) के परिणाम घोषित किए गए हैं, जिसमें रिकॉर्ड 13 लाख से अधिक अभ्यर्थियों ने सफलता हासिल की है। इन अभ्यर्थियों को अब सुपर टीईटी और आगामी भर्ती विज्ञापनों का इंतजार है।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने घोषणा करते हुए कहा कि हाल ही में हुई यूपी टीईटी परीक्षा में 13 लाख नौजवान पास हुए हैं। इन युवाओं के लिए विभिन्न शिक्षक पदों का अधियाचन भेजा जा चुका है और जल्द ही आधिकारिक विज्ञापन जारी कर दिया जाएगा। सरकार का लक्ष्य आगामी 6 महीनों के भीतर इन भर्तियों को रफ्तार देकर युवाओं को नियुक्ति पत्र सौंपना है।
किस विभाग में कितने पदों पर निकलेगी वैकेंसी?
शिक्षा विभाग के विभिन्न संवर्गों में विज्ञापित किए जाने वाले संभावित पदों का विवरण इस प्रकार है:
-
ट्रेंड ग्रेजुएट टीचर (TGT): 17,000 पद
-
बेसिक शिक्षा परिषद (असिस्टेंट टीचर, नगरीय क्षेत्र): 11,508 पद
-
पोस्ट ग्रेजुएट टीचर (PGT): 2,609 पद
-
असिस्टेंट प्रोफेसर: 1,929 पद
-
अल्पसंख्यक शिक्षण संस्थानों में शिक्षक: 1,700 पद
-
प्रधानाध्यापक (कक्षा 11 से 12): 1,475 पद
-
प्राइमरी स्कूलों में असिस्टेंट टीचर: 897 पद
प्राइमरी स्तर पर पदों की संख्या को लेकर अभ्यर्थियों में नाराजगी
भले ही सरकार 60 हजार से अधिक कुल पदों पर भर्ती की घोषणा कर रही है, लेकिन प्राइमरी शिक्षक भर्ती के अभ्यर्थियों में पदों की संख्या को लेकर असंतोष देखा जा रहा है। अभ्यर्थियों का तर्क है कि अकेले बेसिक और प्राइमरी लेवल पर केवल 11-12 हजार पद नाकाफी हैं।
प्रतियोगी छात्रों का कहना है कि ताजा टीईटी परीक्षा पास करने वाले 13 लाख युवाओं के अलावा पहले से भी लाखों योग्य अभ्यर्थी भर्ती की कतार में हैं। ऐसे में प्राइमरी स्तर पर एक-एक पद के लिए सैकड़ों दावेदार होंगे, जिससे मुकाबला अत्यधिक कड़ा हो जाएगा। अभ्यर्थी मांग कर रहे हैं कि प्राइमरी और जूनियर स्तर पर रिक्तियों की संख्या में और इजाफा किया जाए ताकि योग्य युवाओं को अधिक से अधिक अवसर मिल सकें।
