मॉक पार्लियामेंट पर शाह ने घेरा तो अखिलेश ने हल्दीघाटी वार कर दिया जवाब

akhilesh
Saima Siddiqui
Saima Siddiqui

दिल्ली के रामलीला मैदान में मुख्य चुनाव आयुक्त के इस्तीफे और ‘वोट चोरी’ के मुद्दे पर आयोजित INDIA गठबंधन की महारैली में समाजवादी पार्टी (सपा) के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने केंद्र और उत्तर प्रदेश की भाजपा सरकार पर जोरदार हमला बोला। मंच से संबोधित करते हुए अखिलेश ने रामलीला मैदान को ‘लोकतंत्र की हल्दीघाटी’ करार दिया और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के ‘अंगद के पैर’ वाले बयान पर तीखा पलटवार किया।

‘जमीन ही नहीं बची तो पैर कहां रखोगे’

शुक्रवार को यूपी भाजपा कार्यसमिति की बैठक में अमित शाह ने प्रदेश में भाजपा सरकार को ‘अंगद का पैर’ बताते हुए कहा था कि इसे कोई उखाड़ नहीं सकता। रामलीला मैदान के मंच से इसी बयान का सीधा जवाब देते हुए अखिलेश यादव ने कहा, “कोई कह रहा था कि यूपी अंगद का पैर है। हम जानते हैं कि जमीन ही नहीं बची तो पैर कहां रखोगे। परिवर्तन होकर रहेगा।”

सपा प्रमुख ने आगामी उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनावों (2027) का जिक्र करते हुए दावा किया कि 2027 में भाजपा की ऐसी विदाई होगी कि वे फिर कभी सत्ता में लौट नहीं पाएंगे।

‘रामलीला मैदान लोकतंत्र की हल्दीघाटी बना’

विपक्ष के एकजुट शक्ति प्रदर्शन को ऐतिहासिक बताते हुए अखिलेश यादव ने कहा कि आज रामलीला मैदान लोकतंत्र की हल्दीघाटी बन गया है, जहां से वोट चोरी और संवैधानिक संस्थाओं के बचाव की लड़ाई लड़ी जा रही है।

CM योगी के ‘वोट कटने’ वाले बयान पर फिर साधा निशाना

महारैली को संबोधित करते हुए अखिलेश यादव ने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ पर भी सीधा निशाना साधा। उन्होंने कहा, “आज जब जनसभा रामलीला मैदान में होने जा रही थी, तभी यूपी में कहा गया कि एक करोड़ 27 लाख हिंदू भाइयों के वोट काट दिए गए।”

इससे पहले भी अखिलेश यादव ने सीएम योगी के इस बयान को लेकर सवाल उठाया था कि यह डेटा सरकार के पास कहां से आया और अगर उनके (भाजपा के) करोड़ों लाभार्थियों के वोट कट गए हैं, तो सीएम योगी को भी रामलीला मैदान में आकर प्रदर्शन करना चाहिए।