Bengal Bypoll में बड़ा ट्विस्ट, रेजीनगर ममता गुट के उम्मीदवार का यू-टर्न

पश्चिम बंगाल विधानसभा उपचुनाव में हर दिन नए सियासी घटनाक्रम सामने आ रहे हैं। नंदीग्राम में ममता बनर्जी के खेमे को झटका लगने के बाद, रेजीनगर सीट पर भी भारी राजनीतिक उथल-पुथल देखने को मिली। यहां तृणमूल कांग्रेस (TMC) के उम्मीदवार रबीउल आलम चौधरी ने पहले अपना नामांकन वापस लेने का ऐलान किया, लेकिन महज कुछ घंटों के भीतर ही उन्होंने अपना फैसला पलट दिया। उधर, नंदीग्राम में कांग्रेस प्रत्याशी मिलन प्रधान की गिरफ्तारी ने सियासी पारे को और चढ़ा दिया है, जिस पर राहुल गांधी ने तीखी प्रतिक्रिया दी है।
रेजीनगर: नामांकन वापसी के आखिरी दिन रबीउल का यू-टर्न
शनिवार सुबह रेजीनगर से ममता समर्थक उम्मीदवार रबीउल आलम चौधरी ने चुनाव से पीछे हटने का संकेत देकर अपनी ही पार्टी की चिंता बढ़ा दी थी। पत्रकारों से बातचीत में उन्होंने कहा, “कम समय में मतदाताओं को नए चुनाव चिह्न से परिचित कराना मुश्किल है। पार्टी कार्यकर्ताओं से चर्चा करने के बाद मैंने नामांकन वापस लेने का फैसला किया है। मैंने अपने नेता को भी सूचित कर दिया है।” उन्होंने स्पष्ट किया था कि चुनाव चिह्न एक बड़ा मुद्दा है और वह कार्यकर्ताओं को प्रचार के लिए नहीं भेज रहे हैं।
दिन ढलते-ढलते पूरी कहानी बदल गई। रबीउल ने बताया कि उनकी तृणमूल के कई वरिष्ठ नेताओं से बातचीत हुई है। इसके बाद वह बेलडांगा पुलिस स्टेशन गए, जहां से सुरक्षा का आश्वासन मिलने के बाद उन्होंने चुनाव मैदान में डटे रहने का अंतिम निर्णय लिया। रबीउल ने दावा किया कि अगर उनके साथ सिर्फ 10 कार्यकर्ता भी रहे, तो भी वह पूरी ताकत से चुनाव लड़ेंगे। नाम वापसी के आखिरी दिन हुए इस घटनाक्रम से इलाके में अफरा-तफरी की स्थिति बनी रही।
नंदीग्राम में कांग्रेस प्रत्याशी को समर्थन और फिर गिरफ्तारी
रेजीनगर से पहले नंदीग्राम सीट पर भी ममता खेमे को एक बड़ा झटका लगा था। यहां उनकी उम्मीदवार संचिता प्रधान डे ने मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी से मुलाकात के तुरंत बाद अपना नामांकन वापस ले लिया था। 24 घंटे के भीतर हुए इस उलटफेर के बाद ममता बनर्जी ने अपनी राजनीतिक रणनीति बदलते हुए कांग्रेस उम्मीदवार मिलन प्रधान को समर्थन देने की घोषणा कर दी।
लेकिन यह दांव भी तब उलझ गया जब मिलन प्रधान को 2007 के एक पुराने मामले में पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। कांग्रेस ने इस पूरी कार्रवाई को ‘राजनीतिक बदला’ करार दिया है।
राहुल गांधी का सीधा प्रहार- ‘बीजेपी को निष्पक्ष चुनाव पर भरोसा नहीं’
नंदीग्राम में कांग्रेस प्रत्याशी की गिरफ्तारी के बाद लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने बीजेपी पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ (X) पर पोस्ट करते हुए इस कार्रवाई को राजनीति से प्रेरित बताया।
राहुल गांधी ने लिखा, “नंदीग्राम उपचुनाव में कांग्रेस उम्मीदवार मिलन प्रधान की गिरफ्तारी कोई संयोग नहीं है, यह राजनीतिक प्रतिशोध है, लोकतंत्र की हत्या है।”
उन्होंने सत्ताधारी दल पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि बीजेपी को निष्पक्ष चुनावों पर भरोसा नहीं है। राहुल के मुताबिक, बीजेपी कभी वोटों की चोरी, कभी सरकारें तो कभी पार्टियां चुराकर सत्ता पर काबिज रहना चाहती है। उन्होंने साफ किया कि उनका मकसद चुनावी लड़ाई को पूरी तरह खत्म करना है, लेकिन कांग्रेस न तो डरेगी और न ही झुकेगी, पार्टी पूरी मजबूती से यह चुनाव लड़ेगी।
