BRICS डिनर विवाद में कलाम का जिक्र, आइसलैंड के पूर्व राष्ट्रपति की एंट्री

नई दिल्ली के भारत मंडपम में आयोजित दो दिवसीय ब्रिक्स शिखर सम्मेलन के गाला डिनर का मेन्यू देश की सियासत में चर्चा का विषय बना हुआ है। विदेशी मेहमानों को पूरी तरह से शाकाहारी भोजन परोसे जाने को लेकर मुख्य विपक्षी दल कांग्रेस लगातार केंद्र सरकार पर निशाना साध रही है। इस सियासी बयानबाजी के बीच आइसलैंड के पूर्व राष्ट्रपति ओलाफुर रैगनार ग्रिमसन ने साल 2005 का एक वाकया साझा किया है, जब उन्होंने भारत के तत्कालीन राष्ट्रपति एपीजे अब्दुल कलाम के लिए ऐसा ही एक पूर्ण शाकाहारी स्टेट डिनर आयोजित किया था।

20 साल पहले कलाम के लिए आइसलैंड में सजा था वेज मेन्यू
83 वर्षीय ओलाफुर रैगनार ग्रिमसन 1996 से 2016 तक आइसलैंड के राष्ट्रपति रहे हैं। ब्रिक्स गाला डिनर पर जारी विवाद के बीच उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स (X) पर अपनी पुरानी यादें ताजा कीं।
ग्रिमसन ने लिखा कि 2005 में जब किसी नॉर्डिक देश की पहली यात्रा पर आए भारत के राष्ट्रपति के लिए उन्होंने स्टेट डिनर आयोजित किया था, तो उसका मेन्यू पूरी तरह से शाकाहारी रखा गया था। पूर्व राष्ट्रपति के मुताबिक, 20 साल पहले आइसलैंड जैसे देश में शाकाहारी होना आसान काम नहीं था।
ब्रिक्स डिनर की थाली में क्या-क्या था?
शिखर सम्मेलन के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ब्रिक्स नेताओं और विदेशी डेलीगेशन के लिए गाला डिनर का आयोजन किया था, जिसका मेन्यू पूरी तरह शाकाहारी था। मेहमानों की थाली में पारंपरिक और आधुनिक भारतीय वेज व्यंजनों का मिश्रण परोसा गया। इनमें खांडवी, पनीर लबाबदार, गुच्छी मार्मिक, मिलेट पुलाव, मशरूम गलोटी और मीठे में जलेबी जैसी डिशेज शामिल थीं। इस मेन्यू की जहां एक तरफ तारीफ हुई, वहीं इसमें नॉन-वेज आइटम न होने पर विपक्ष ने सवाल खड़े कर दिए।
राहुल गांधी और पवन खेड़ा का सरकार पर वार
गाला डिनर में सिर्फ वेज खाना परोसे जाने पर कांग्रेस ने तीखी प्रतिक्रिया दी है। कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने एक्स पर ‘छोले-भटूरे’ की तस्वीर साझा करते हुए कहा कि मेन्यू में भारतीयों के एक बड़े हिस्से की खान-पान की पसंद का ध्यान नहीं रखा गया।
राहुल ने अपने पोस्ट में लिखा कि जानकारी के लिए बता दूं, 80 फीसदी भारतीय नॉन-वेज खाते हैं। उन्होंने दावा किया कि इंडियन नॉन-वेज खाना बहुत स्वादिष्ट होता है, ठीक वैसे ही जैसे उनकी बहन के बनाए छोले-भटूरे।
इसी क्रम में कांग्रेस प्रवक्ता पवन खेड़ा ने सरकार पर विदेशी मेहमानों पर अपनी पसंद थोपने का आरोप लगाया। खेड़ा ने कहा कि भारतीयों पर अपनी खान-पान की पसंद थोपने की भाजपा की आदत पहले से ही समस्या वाली रही है, लेकिन अब वे इसे एक कदम और आगे ले जाकर दुनिया भर से आए मेहमानों पर भी लागू कर रहे हैं।
