विधान परिषद की 11 सीटों पर चुनाव का ऐलान, 23 अक्टूबर को वोटिंग

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दीपक श्रीवास्तव

उत्तर प्रदेश में 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले विधान परिषद (MLC) की 11 सीटों के लिए चुनावी प्रक्रिया शुरू हो गई है। निर्वाचन आयोग द्वारा जारी कार्यक्रम के अनुसार, इन सीटों पर 23 अक्टूबर 2026 को मतदान कराया जाएगा, जबकि 27 अक्टूबर को मतगणना के बाद परिणाम घोषित किए जाएंगे। चुनाव को लेकर नामांकन की औपचारिक प्रक्रिया 29 सितंबर को अधिसूचना जारी होने के साथ शुरू होगी और नामांकन दाखिल करने की अंतिम तारीख 6 अक्टूबर तय की गई है।

खाली हो रही इन 11 सीटों में 5 स्नातक और 6 शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र शामिल हैं। यह चुनाव सामान्य विधानसभा चुनावों से पूरी तरह अलग होता है, क्योंकि इसमें आम जनता के बजाय केवल पंजीकृत स्नातक और शिक्षक मतदाता ही मतदान करते हैं। ऐसे में इस चुनाव के केंद्र में रोजगार, उच्च शिक्षा, वित्तविहीन शिक्षकों की समस्याएं, सेवा शर्तें और पुरानी पेंशन (OPS) जैसे मुद्दे सबसे अहम भूमिका निभाएंगे।

11 सीटों का मौजूदा गणित: BJP के पास 6, SP के पास 3 सीटें

मौजूदा समय में इन 11 सीटों में से 6 पर भारतीय जनता पार्टी, 3 पर समाजवादी पार्टी, एक पर निर्दलीय और एक पर शिक्षक दल का कब्जा है:

निर्वाचन क्षेत्र कोटा मौजूदा सदस्य (MLC) दल
लखनऊ खंड स्नातक स्नातक अवनीश कुमार सिंह BJP
आगरा खंड स्नातक स्नातक डॉ. मानवेंद्र प्रताप सिंह BJP
मेरठ खंड स्नातक स्नातक दिनेश कुमार गोयल BJP
इलाहाबाद-झांसी खंड स्नातक स्नातक डॉ. मान सिंह यादव SP
वाराणसी खंड स्नातक स्नातक आशुतोष सिन्हा SP
लखनऊ खंड शिक्षक शिक्षक उमेश द्विवेदी BJP
मेरठ खंड शिक्षक शिक्षक श्रीचंद शर्मा BJP
बरेली-मुरादाबाद खंड शिक्षक शिक्षक डॉ. हरि सिंह ढिल्लो BJP
वाराणसी-मिर्जापुर खंड शिक्षक शिक्षक लाल बिहारी यादव SP
गोरखपुर-फैजाबाद खंड शिक्षक शिक्षक ध्रुव कुमार त्रिपाठी शिक्षक दल (गैर-राजनीतिक)
आगरा खंड शिक्षक शिक्षक डॉ. आकाश अग्रवाल निर्दलीय

5 स्नातक सीटें: भाजपा के गढ़ और सपा की चुनौती

  • लखनऊ स्नातक: भाजपा ने मौजूदा एमएलसी अवनीश कुमार सिंह पर फिर से भरोसा जताते हुए उन्हें दोबारा मैदान में उतारा है।

  • आगरा स्नातक: भाजपा ने अपने मौजूदा सदस्य डॉ. मानवेंद्र प्रताप सिंह को फिर प्रत्याशी बनाया है। यह सीट आगरा-अलीगढ़ क्षेत्र के शिक्षित युवाओं और स्नातकों के लिहाज से काफी अहम है।

  • मेरठ स्नातक: इस सीट से भाजपा के दिनेश कुमार गोयल मौजूदा एमएलसी हैं। पार्टी ने पहले घोषित सूची में इस सीट पर फैसला रोककर रखा था।

  • इलाहाबाद-झांसी स्नातक: समाजवादी पार्टी के डॉ. मान सिंह यादव यहां से मौजूदा सदस्य हैं। 2020 के चुनाव में सपा ने यह सीट भाजपा से छीनकर बड़ा उलटफेर किया था।

  • वाराणसी स्नातक: सपा के आशुतोष सिन्हा इस सीट का प्रतिनिधित्व करते हैं। पार्टी ने उन्हें दोबारा प्रत्याशी बनाया है और वरिष्ठ नेता नरेश उत्तम पटेल को इस क्षेत्र का चुनाव प्रभारी नियुक्त किया है। यह क्षेत्र पूर्वांचल के आठ जिलों को जोड़ता है।

6 शिक्षक सीटें: पुरानी पेंशन और वित्तविहीन शिक्षकों के मानदेय पर जोर

शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों में शिक्षक संगठनों, वित्तविहीन शिक्षकों के मानदेय और पुरानी पेंशन बहाली जैसे मुद्दे हमेशा निर्णायक रहे हैं:

  • लखनऊ शिक्षक: लंबे समय से शिक्षक राजनीति में सक्रिय और भाजपा के मौजूदा एमएलसी उमेश द्विवेदी को पार्टी ने दोबारा टिकट दिया है।

  • मेरठ शिक्षक: भाजपा के श्रीचंद शर्मा एक बार फिर पार्टी उम्मीदवार के रूप में मैदान में हैं।

  • बरेली-मुरादाबाद शिक्षक: 2020 में इस सीट से जीत दर्ज करने वाले डॉ. हरि सिंह ढिल्लो भाजपा के मौजूदा एमएलसी हैं।

  • वाराणसी-मिर्जापुर शिक्षक: सपा ने अपने मौजूदा एमएलसी लाल बिहारी यादव को फिर से मैदान में उतारा है। वे शिक्षकों के सेवा संबंधी मुद्दों को लगातार उठाते रहे हैं।

  • गोरखपुर-फैजाबाद शिक्षक: इस सीट पर शिक्षक दल (गैर-राजनीतिक) के ध्रुव कुमार त्रिपाठी का कब्जा है।

  • आगरा शिक्षक: 2020 के चुनाव में चार बार के एमएलसी जगवीर किशोर जैन को हराकर निर्दलीय जीतने वाले डॉ. आकाश अग्रवाल इस सीट का प्रतिनिधित्व करते हैं। उन्होंने वित्तविहीन शिक्षकों के मानदेय और सुविधाओं को बड़ा मुद्दा बनाया था।

आम चुनाव से अलग है वोटिंग पैटर्न

सामान्य चुनावों के विपरीत विधान परिषद के स्नातक और शिक्षक चुनावों में पारंपरिक दलीय या जातीय लामबंदी सीधे तौर पर काम नहीं करती। यहां मतदाताओं का पंजीकरण पहले से अनिवार्य होता है और प्रत्याशियों की व्यक्तिगत छवि, शिक्षक संगठनों में उनकी पैठ, कर्मचारी नेटवर्क और स्थानीय संपर्क नतीजों में सबसे बड़ी भूमिका निभाते हैं।

2027 के विधानसभा चुनाव से पहले भाजपा और सपा दोनों ही दल इन सीटों के जरिए शिक्षित युवाओं, शिक्षकों और मध्यम वर्ग के बीच अपनी संगठनात्मक पकड़ का आकलन करने की कोशिश करेंगे।

चुनाव कार्यक्रम पर एक नजर

  • अधिसूचना जारी होने की तारीख: 29 सितंबर 2026

  • नामांकन की आखिरी तारीख: 6 अक्टूबर 2026

  • मतदान की तारीख: 23 अक्टूबर 2026

  • मतगणना और नतीजे: 27 अक्टूबर 2026