मंजीत कौर की मौत से सनसनी, मां ने पुलिस पर लगाए गंभीर आरोप

manjeet kaur
अजमल शाह
अजमल शाह

चंडीगढ़: मशहूर पंजाबी सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर 28 वर्षीय मंजीत कौर की एक खौफनाक वारदात में मौत हो गई है। मंजीत की हत्या से जुड़े चौंकाने वाले खुलासे सामने आ रहे हैं। उन्हें कथित तौर पर अगवा कर पेड़ से बांधकर आग लगा दी गई। 26 अगस्त को चंडीगढ़ के पीजीआईएमईआर (PGIMER) अस्पताल में इलाज के दौरान मंजीत ने दम तोड़ दिया। इस मामले में मृतका की मां ने मोहाली पुलिस पर लापरवाही के गंभीर आरोप लगाए हैं, जिसे पुलिस ने सिरे से खारिज किया है।

कौन थीं मंजीत कौर?

मंजीत कौर सोशल मीडिया पर काफी लोकप्रिय थीं। वह मुख्य रूप से पंजाबी और हरियाणवी गानों पर वीडियो बनाती थीं और कॉस्मेटिक प्रोडक्ट्स को प्रमोट करती थीं।

  • इंस्टाग्राम पर उनके करीब 1.46 लाख फॉलोअर्स थे।

  • यूट्यूब पर उनके लगभग 4,000 सब्सक्राइबर्स थे।

क्या है हत्या की पूरी खौफनाक कहानी?

मंजीत की मां की शिकायत के अनुसार, यह वारदात 3 जुलाई को शुरू हुई।

  • अपहरण: मंजीत के दो परिचितों, शुभी और पिंडा, ने उन्हें सेक्टर-34 में शराब की एक दुकान के पास मिलने बुलाया। आरोप है कि वहीं से मंजीत को जबरन अगवा कर लिया गया।

  • बर्बरता और आग: अपहरण के बाद मंजीत को पंजाब के मोरिंडा ले जाया गया। वहां उनके साथ बुरी तरह मारपीट की गई। इसके बाद उन्हें एक पेड़ से बांधकर जिंदा जला दिया गया। मौके पर पहुंची मंजीत की एक दोस्त ने कंबल डालकर किसी तरह आग बुझाई और उन्हें तुरंत मोरिंडा के एक अस्पताल में भर्ती कराया।

हालत बिगड़ने पर मंजीत को मोहाली के एक निजी अस्पताल और अंततः चंडीगढ़ के पीजीआईएमईआर रेफर किया गया, जहां 26 अगस्त को उनका निधन हो गया।

मां का पुलिस पर आरोप, पुलिस ने किया बचाव

मंजीत की मां ने मोहाली के खरड़ पुलिस पर लापरवाही का बड़ा आरोप लगाया है। मां का कहना है कि उनकी बेटी 5 अगस्त को होश में आ गई थी। परिवार ने खरड़ पुलिस को उसका बयान दर्ज करने के लिए सूचना भी दी थी, लेकिन पुलिस अस्पताल नहीं पहुंची।

दूसरी तरफ, पुलिस ने मां के इन आरोपों को खारिज करते हुए कहा है कि उन्होंने जांच में परिवार को पूरा सहयोग दिया था।

चंडीगढ़ पुलिस की जांच तेज

चंडीगढ़ के दक्षिणी क्षेत्र की पुलिस उपाधीक्षक (DSP) गुरजीत कौर ने बताया कि मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने बीएनएस (भारतीय न्याय संहिता) की धारा 103(1) (हत्या) और 140 (1) (अपहरण) समेत कई अन्य सख्त धाराओं के तहत केस दर्ज किया है।

  • पुलिस वारदात से जुड़े सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है।

  • आरोपियों (शुभी और पिंडा) और उनके साथियों की तलाश तेज कर दी गई है।

  • इस अपहरण और बर्बर हत्या के पीछे के मुख्य कारण (मोटिव) का अभी तक खुलासा नहीं हो सका है, जिसकी गहराई से पड़ताल की जा रही है।