10m Air Rifle में एलावेनिल का जलवा, एक ही दिन जीते 2 सिल्वर मेडल

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Ajay Gupta
Ajay Gupta

भारत ने एशियाई खेलों (Asian Games 2026) की निशानेबाजी प्रतियोगिता में रविवार को अपने अभियान की बेहद शानदार शुरुआत की है। भारत की अनुभवी और कुशल राइफल निशानेबाज एलावेनिल वलारिवन ने बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए महिलाओं की 10 मीटर एयर राइफल स्पर्धा में दो रजत (सिल्वर) पदक अपने नाम किए। उन्होंने पहले टीम स्पर्धा में भारत को सिल्वर दिलाया और फिर व्यक्तिगत स्पर्धा में भी दूसरे स्थान पर रहकर सिल्वर मेडल पर कब्जा जमाया।

व्यक्तिगत स्पर्धा: अंतिम क्षणों में चूकीं स्वर्ण, जापानी शूटर ने मारी बाजी

व्यक्तिगत स्पर्धा के फाइनल में एलावेनिल अधिकांश समय तक स्वर्ण पदक जीतने की स्थिति में नजर आ रही थीं। 17वें शॉट के बाद वह 1.4 अंकों से आगे थीं और 21वें शॉट तक भी उन्होंने अपनी बढ़त कायम रखी थी। हालांकि, अंतिम पलों में जापान की हिनाता ताइची ने बेहतरीन वापसी की।

विश्व चैंपियनशिप 2025 की कांस्य पदक विजेता एलावेनिल ने 252.4 अंक हासिल किए, लेकिन वह ताइची से सिर्फ 0.6 अंक पीछे रह गईं। जापानी निशानेबाज ताइची ने संयम बनाए रखते हुए 253.0 अंक हासिल किए और एशियाई खेलों के नए रिकॉर्ड के साथ स्वर्ण पदक जीता। वहीं, मौजूदा विश्व चैंपियन और पेरिस ओलंपिक की स्वर्ण पदक विजेता दक्षिण कोरिया की बान ह्योजिन को 230.4 अंकों के साथ कांस्य पदक से संतोष करना पड़ा।

टीम स्पर्धा में भारत को सिल्वर, चीन ने बनाया वर्ल्ड रिकॉर्ड

इससे पहले दिन में, एलावेनिल वलारिवन, सोनम मस्कर और विदरसा विनोद की भारतीय तिकड़ी ने 10 मीटर एयर राइफल टीम स्पर्धा में 1898.0 के कुल स्कोर के साथ दूसरा स्थान हासिल कर रजत पदक जीता।

टीम स्पर्धा का स्वर्ण पदक चीन के नाम रहा, जिसने 1904.2 अंकों के साथ क्वालीफाइंग में नया विश्व रिकॉर्ड स्थापित किया। चीन ने अपने ही पिछले रिकॉर्ड (1902.0) को तोड़ा। वहीं, भारत और जापान के बीच रजत के लिए कड़ी टक्कर रही, लेकिन जापान 1897.1 अंकों के साथ तीसरे स्थान (ब्रॉन्ज) पर रहा।

‘मुझे अपनी तकनीक पर और काम करने की जरूरत’

दो रजत पदक जीतने के बाद एलावेनिल ने कहा, “मैं जानती थी कि मैं शीर्ष तीन में शामिल हूं। मैं अपनी प्रक्रिया और तकनीक पर ध्यान केंद्रित कर रही थी, फिर भी मैं थोड़ी लापरवाह हो गई। मुझे लगा कि मैंने अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन किया है और मैं इस बात से खुश हूं कि मैंने रजत पदक जीता।”

टीम स्पर्धा में अहम भूमिका निभाने वालीं विदरसा विनोद ने कहा, “टीम स्पर्धा का रजत पदक जीतना एक बड़ी उपलब्धि है और इसने हमें अच्छी शुरुआत दी है। हालांकि, मैं व्यक्तिगत फाइनल के लिए क्वालीफाई नहीं कर सकी, जिसका मुझे दुख है।” विदरसा का यह प्रदर्शन इसलिए भी खास है क्योंकि उन्होंने सिर्फ दो महीने पहले ही 10 मीटर एयर राइफल में हिस्सा लेना शुरू किया है, जबकि उनकी मुख्य स्पर्धा 50 मीटर राइफल थ्री पोजिशन है।

बता दें कि हांगझोउ एशियाई खेलों (2022) में भारतीय निशानेबाजों ने रिकॉर्ड 22 पदक (सात स्वर्ण, नौ रजत और छह कांस्य) जीते थे। इन दो रजत पदकों के साथ भारत ने 2026 के अपने निशानेबाजी अभियान का भी मजबूती से आगाज कर दिया है।