शाह मानहानि केस: राहुल के वकील का बयान, काफिले हादसे की SIT जांच

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से जुड़े मानहानि मामले में सुल्तानपुर की एमपी-एमएलए (MP-MLA) कोर्ट ने सोमवार को लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी को बरी कर दिया है। फैसले के बाद राहुल गांधी के वकील ने बचाव पक्ष की दलीलों और कानूनी आधारों की जानकारी दी। दूसरी ओर, अदालत में पेशी के लिए जाते समय पूर्वांचल एक्सप्रेसवे पर राहुल गांधी के काफिले में हुए सड़क हादसे की जांच के लिए उत्तर प्रदेश पुलिस ने विशेष जांच दल (SIT) का गठन किया है।
याचिकाकर्ता ‘प्रभावित व्यक्ति’ नहीं, बयान को मरोड़ा गया
अदालत के फैसले के बाद राहुल गांधी के वकील काशी शुक्ला ने स्पष्ट किया कि कांग्रेस नेता ने किसी को बदनाम करने की नीयत से वह बयान नहीं दिया था। शुक्ला के मुताबिक, मामले में याचिकाकर्ता खुद पीड़ित या प्रभावित व्यक्ति (Aggrieved person) की श्रेणी में नहीं आते थे, जो इस फैसले का एक बड़ा आधार बना। बचाव पक्ष ने अदालत में यह दावा भी किया कि राहुल गांधी के मूल बयान को उसके संदर्भ से अलग कर और तोड़-मरोड़कर पेश किया गया था। फैसले के बाद राहुल गांधी ने अदालत का धन्यवाद किया और अपनी सफाई में कहा कि उनका इरादा किसी की मानहानि करना नहीं था।
ऊपरी अदालत में चुनौती पर भी लड़ने को तैयार
याचिकाकर्ता द्वारा इस फैसले को उच्च न्यायालय में चुनौती दिए जाने की संभावनाओं पर वकील काशी शुक्ला ने कहा कि उन्हें ऐसा करने की पूरी स्वतंत्रता है। उन्होंने स्पष्ट किया कि यदि याचिकाकर्ता ऊपरी अदालत का रुख करते हैं, तो राहुल गांधी की ओर से वहां भी पूरी मजबूती के साथ कानूनी लड़ाई लड़ी जाएगी।
पूर्वांचल एक्सप्रेसवे पर काफिले में हादसा, राहुल सुरक्षित
सुल्तानपुर में मानहानि मामले की सुनवाई के लिए जाते समय सोमवार सुबह करीब 10:15 बजे राहुल गांधी के काफिले में शामिल कुछ वाहन पूर्वांचल एक्सप्रेसवे पर आपस में टकरा गए। पुलिस अधिकारी के अनुसार, काफिले में सबसे आगे चल रही स्थानीय कांग्रेस नेताओं की एक निजी गाड़ी ने अचानक ब्रेक लगा दिए, जिससे पीछे चल रहे वाहन एक-दूसरे से टकरा गए। इन वाहनों में अमेठी जिले के कांग्रेस कार्यकर्ता भी सवार थे। हादसे में राहुल गांधी पूरी तरह सुरक्षित हैं और किसी के गंभीर रूप से घायल होने की सूचना नहीं है।
आईजी की अध्यक्षता में SIT गठित
काफिले के पीछे चल रहे वाहनों की इस टक्कर को गंभीरता से लेते हुए यूपी पुलिस ने SIT जांच के आदेश दिए हैं। पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों ने बताया कि प्रदेश के पुलिस महानिदेशक (DGP) राजीव कृष्ण के निर्देश पर यह एसआईटी गठित की गई है।
लखनऊ परिक्षेत्र के पुलिस महानिरीक्षक (IG) किरण एस. इस एसआईटी की अध्यक्षता करेंगे। उनके साथ सुल्तानपुर के अपर पुलिस अधीक्षक बृज नारायण सिंह और सुल्तानपुर के यातायात पुलिस उपाधीक्षक राम कृष्ण चतुर्वेदी को सदस्य बनाया गया है। एसआईटी दुर्घटना के कारणों, सुरक्षा व्यवस्था और यातायात नियंत्रण में हुई संभावित चूक की जांच करेगी और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के उपाय सुझाते हुए जल्द से जल्द पुलिस मुख्यालय को अपनी रिपोर्ट सौंपेगी।

