ड्रग्स के खिलाफ लड़ाई में जान गंवाने वाले बिक्रमजीत के परिवार से मिले शाह

amit
शकील अहमद सैफी
शकील अहमद सैफी

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह अपने एक दिवसीय पंजाब दौरे पर हैं। मंगलवार को उन्होंने गुरदासपुर जिले के पन्नावां गांव पहुंचकर नशा-विरोधी कार्यकर्ता (एंटी-ड्रग्स एक्टिविस्ट) बिक्रमजीत सिंह झोटा के परिवार से मुलाकात की। बिक्रमजीत सिंह पंजाब में नशीले पदार्थों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान की अगुवाई कर रहे थे, जिसके चलते हाल ही में उनकी निर्मम हत्या कर दी गई थी।

गृह मंत्री अपने इस दौरे पर उन परिवारों से मिल रहे हैं, जिन्होंने राज्य में ड्रग्स की समस्या के खिलाफ आवाज उठाई और इसके कारण मानसा, गुरदासपुर और संगरूर में उन्हें अपनी जान गंवानी पड़ी।

धारदार हथियारों से किया गया था हमला

श्री हरगोबिंदपुर क्षेत्र के पन्नावां गांव में 15 अक्टूबर को बिक्रमजीत सिंह पर जानलेवा हमला हुआ था। जानकारी के मुताबिक, 40 वर्षीय बिक्रमजीत ने गांव में नशीले पदार्थों की बिक्री पर कड़ी आपत्ति जताई थी। इसी का विरोध करने पर ड्रग माफिया से जुड़े लोगों ने उन पर और उनके दो अन्य साथियों पर धारदार हथियारों से हमला कर दिया। इस हमले में बिक्रमजीत सिंह की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि उनके दो साथी गंभीर रूप से घायल हो गए।

परविंदर सिंह की हत्या के दो दिन बाद हुई वारदात

पंजाब में नशा-विरोधी कार्यकर्ताओं पर लगातार हो रहे हमलों ने राज्य में तनाव का माहौल पैदा कर दिया है। बिक्रमजीत सिंह की हत्या की यह वारदात एक अन्य नशा-विरोधी कार्यकर्ता परविंदर सिंह झोटा की गोली मारकर हत्या किए जाने के ठीक दो दिन बाद हुई। इन हत्याओं के बाद से इलाके में भारी रोष है और लोग सड़कों पर उतरकर विरोध-प्रदर्शन कर रहे हैं।

संगरूर में गुलजार सिंह के परिजनों से करेंगे मुलाकात

गुरदासपुर के बाद गृह मंत्री अमित शाह संगरूर भी जाएंगे। वहां वह गुलजार सिंह के परिवार वालों से मुलाकात करेंगे। बताया जाता है कि गुलजार सिंह ने सिस्टम से हताश होकर आत्महत्या कर ली थी। उनके बेटे को नशे की लत लग गई थी और उनका आरोप था कि राज्य सरकार ने उनके इलाके में ड्रग्स की बिक्री के खिलाफ उनकी गुहार नहीं सुनी।