राज्यसभा के लिए हरदीप पर मुहर, मध्य प्रदेश से BJP ने बनाया उम्मीदवार

HARDEEP PURI
Saima Siddiqui
Saima Siddiqui

केंद्रीय मंत्री हरदीप सिंह पुरी को मध्य प्रदेश से राज्यसभा भेजा जाएगा। भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने पूर्व केंद्रीय राज्य मंत्री एल. मुरुगन के इस्तीफे से खाली हुई सीट पर पुरी को अपना आधिकारिक उम्मीदवार घोषित किया है। इस फैसले के साथ ही हरदीप सिंह पुरी के केंद्रीय कैबिनेट में बने रहने पर लगा प्रश्नचिह्न भी समाप्त हो गया है। पार्टी ने बाकायदा पत्र जारी कर मध्य प्रदेश से उनकी उम्मीदवारी पर मुहर लगा दी है।

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मंत्रिमंडल में जगह सुरक्षित

बीते दिनों जब भाजपा ने राज्यसभा उम्मीदवारों की सूची जारी की थी, तब उसमें हरदीप सिंह पुरी का नाम शामिल नहीं था। इसके बाद उनके केंद्रीय मंत्रिमंडल में बने रहने को लेकर सियासी गलियारों में कई तरह के कयास लगाए जाने लगे थे। अब मध्य प्रदेश से उनकी उम्मीदवारी तय होने के बाद यह स्पष्ट हो गया है कि वह मोदी कैबिनेट में अपनी मौजूदा भूमिका निभाते रहेंगे।

एल. मुरुगन ने दिया था इस्तीफा

मध्य प्रदेश की यह राज्यसभा सीट एल. मुरुगन के इस्तीफे के कारण खाली हुई थी। मुरुगन ने 18 अक्टूबर को अपने केंद्रीय सूचना और प्रसारण राज्य मंत्री पद के साथ-साथ राज्यसभा की सदस्यता से भी इस्तीफा दे दिया था। उन्होंने अपने इस फैसले के पीछे तमिलनाडु में पार्टी संगठन के लिए जमीनी स्तर पर काम करने की इच्छा जताई थी।

2029 की तैयारियों में जुटे मुरुगन

सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ (X) पर अपने इस्तीफे की जानकारी देते हुए मुरुगन ने लिखा था कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में देश और तमिलनाडु की सेवा करना उनके लिए सबसे बड़ा सम्मान रहा है। उन्होंने कहा था कि एक दिहाड़ी मजदूर के बेटे के तौर पर कैबिनेट में काम करने का अवसर मिलना सौभाग्य की बात है। मुरुगन के मुताबिक, अब वह 2029 के लोकसभा चुनाव से पहले तमिलनाडु में कार्यकर्ताओं के साथ खड़े होकर भाजपा को मजबूत करने के लिए खुद को पूरी तरह समर्पित करना चाहते हैं।

12 नवंबर को होगी वोटिंग

निर्वाचन आयोग ने इस सीट पर उपचुनाव के लिए 22 अक्टूबर को कार्यक्रम की घोषणा की थी। तय कार्यक्रम के अनुसार, 12 नवंबर को सुबह 9 बजे से शाम 4 बजे तक मतदान होगा। अगर जरूरत पड़ी तो उसी दिन शाम 5 बजे से वोटों की गिनती शुरू की जाएगी। चुनाव प्रक्रिया 16 नवंबर 2026 तक संपन्न कर ली जाएगी। इस उपचुनाव में निर्वाचित होने वाले सदस्य का कार्यकाल 2 अप्रैल 2030 तक रहेगा। विधानसभा में संख्याबल के लिहाज से भाजपा की स्थिति मजबूत है, जिससे इस सीट पर चुनाव की राह पार्टी के लिए आसान मानी जा रही है।