15 नहीं, 403 सीटों पर हुई बात, रामपुर जेल में मुलाकात के बाद बोले अखिलेश

रामपुर जिला कारागार में वरिष्ठ सपा नेता आजम खान से मुलाकात के बाद समाजवादी पार्टी (SP) के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने उन अटकलों पर विराम लगा दिया है, जिनमें दावा किया जा रहा था कि आजम खान ने आगामी विधानसभा चुनाव के लिए 15 सीटों की मांग की है। अखिलेश यादव ने साफ किया कि आजम खान ने किसी विशेष टिकट या सीट की कोई मांग नहीं रखी है। जब पत्रकारों ने सीटों पर हुई चर्चा को लेकर सवाल किया, तो सपा प्रमुख ने कहा, “हमारी बात 15 नहीं, बल्कि उत्तर प्रदेश की सभी 403 सीटों को लेकर हुई है।”
15 सीटों की मांग की अफवाहों पर पूर्णविराम
बीते दिनों राजनीतिक गलियारों में यह दावा तेजी से फैल रहा था कि जेल में बंद पूर्व कैबिनेट मंत्री आजम खान ने 2027 के विधानसभा चुनाव के लिए समाजवादी पार्टी से 15 सीटों की मांग रखी है। अखिलेश यादव के इस ताजा बयान के बाद इन चर्चाओं पर पूरी तरह विराम लग गया है।
इससे पहले आजम खान की पत्नी और पूर्व राज्यसभा सांसद तंजीम फातिमा ने भी इन दावों को सिरे से खारिज किया था। उन्होंने स्पष्ट किया था कि अखिलेश यादव से उनकी मुलाकात केवल पारिवारिक और व्यक्तिगत मसलों पर केंद्रित थी और किसी भी सीट या प्रत्याशी को लेकर कोई बात नहीं हुई थी।
2027 के विधानसभा चुनाव और गठबंधन पर चर्चा
अखिलेश यादव ने रामपुर जेल में आजम खान के साथ हुई बैठक को बेहद आत्मीय और महत्वपूर्ण बताया। उन्होंने कहा कि आजम खान पार्टी के वरिष्ठ नेता हैं और बातचीत के दौरान 2027 के उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव को लेकर उनसे जरूरी राजनीतिक सुझाव लिए गए हैं।
गठबंधन के सवाल पर अखिलेश यादव ने दोहराया कि जो भी सहयोगी दल पहले से उनके साथ रहे हैं, वे सब मिलकर चुनाव लड़ेंगे और इस बार उत्तर प्रदेश में समाजवादी पार्टी की सरकार बनेगी।
45 मिनट की जेल मुलाकात के सियासी मायने
रामपुर जेल प्रशासन ने दोनों नेताओं की मुलाकात के लिए 45 मिनट का समय तय किया था। जेल में आजम खान से लंबी बातचीत के बाद अखिलेश यादव ने उनके परिजनों से भी मिलने की बात कही। 2027 के विधानसभा चुनाव की रणनीतिक तैयारियों और पार्टी के भीतर आजम खान की अहम भूमिका को देखते हुए इस मुलाकात को बेहद अहम माना जा रहा है।

