₹17 लाख का एरियर कैसे बनेगा? सैलरी और बकाया से समझिए पूरा हिसाब

indian rupee
Gautam Kumar Agarwal
Gautam Kumar Agarwal

केंद्रीय कर्मचारियों और पेंशनभोगियों के बीच इन दिनों 8वें वेतन आयोग (8th Pay Commission) को लेकर जबर्दस्त सुगबुगाहट है। हर कोई यह जानने को उत्सुक है कि नई सिफारिशें लागू होने के बाद बेसिक सैलरी में कितनी बढ़ोतरी होगी।

फिलहाल, सबसे ज्यादा चर्चा इस बात को लेकर है कि अगर वेतन आयोग की सिफारिशें लागू होने में देरी होती है, तो कर्मचारियों को एकमुश्त एरियर (Arrears) के रूप में लाखों रुपये का फायदा हो सकता है। कुछ अनुमानों और मीडिया रिपोर्ट्स में दावा किया जा रहा है कि यह रकम 17 लाख रुपये तक पहुंच सकती है। आइए आसान भाषा में समझते हैं कि एरियर की यह कैलकुलेशन कैसे होती है और किस पे-लेवल (Pay Level) के कर्मचारी को कितना फायदा मिलेगा।

कब लागू होगा 8वां वेतन आयोग और एरियर क्यों मिलेगा?

माना जा रहा है कि 8वां वेतन आयोग 1 जनवरी 2026 से प्रभावी होना चाहिए। हालांकि, नया आयोग अपनी रिपोर्ट तैयार करने और सरकार द्वारा उसे अंतिम रूप से लागू करने में अमूमन 18 से 24 महीने का समय लेती है।

अगर आयोग की रिपोर्ट 2027 के मध्य में लागू होती है, तो 1 जनवरी 2026 से लेकर लागू होने की तारीख तक के महीनों की बढ़ी हुई सैलरी का अंतर कर्मचारियों को एकमुश्त ‘एरियर’ के रूप में दिया जाएगा।

एरियर कैलकुलेट करने का आसान फॉर्मूला

एरियर का हिसाब पूरी तरह से फिटमेंट फैक्टर (Fitment Factor) पर निर्भर करता है। फिटमेंट फैक्टर जितना अधिक तय होगा, बेसिक सैलरी और एरियर की रकम उतनी ही ज्यादा बनेगी।

इसका सीधा फॉर्मूला यह है:

अनुमानित एरियर = (नई बेसिक पे – पुरानी बेसिक पे) × देरी के कुल महीने

किस लेवल को कितना मिल सकता है एरियर? (अनुमानित आंकड़े)

लेवल 6 (Level 6) के कर्मचारी

  • मौजूदा बेसिक पे: 35,400 रुपये

  • 2.15 फिटमेंट फैक्टर पर: 20 महीने का एरियर लगभग 8.14 लाख रुपये और 24 महीने का एरियर करीब 9.77 लाख रुपये बन सकता है।

  • 2.57 फिटमेंट फैक्टर पर: 20 महीने का एरियर 11.12 लाख रुपये और 24 महीने की देरी होने पर यह रकम 13.34 लाख रुपये तक जा सकती है।

लेवल 7 (Level 7) के कर्मचारी

  • मौजूदा बेसिक पे: 44,900 रुपये

  • 2.15 फिटमेंट फैक्टर पर: 20 महीने का एरियर करीब 10.33 लाख रुपये और 24 महीने का एरियर 12.39 लाख रुपये हो सकता है।

  • 2.57 फिटमेंट फैक्टर पर: अगर यह फैक्टर तय होता है, तो 24 महीने की देरी का एरियर छप्परफाड़ 16.92 लाख रुपये (लगभग 17 लाख रुपये) तक पहुंच सकता है।

लेवल 8 (Level 8) के कर्मचारी

  • मौजूदा बेसिक पे: 47,600 रुपये

  • 2.15 फिटमेंट फैक्टर पर: 20 महीने का एरियर लगभग 10.95 लाख रुपये और 24 महीने की देरी होने पर 13.14 लाख रुपये तक बैठ सकता है।

भत्तों (HRA और DA) का क्या होगा?

ध्यान रहे कि ऊपर दी गई कैलकुलेशन केवल बेसिक पे (Basic Pay) के अंतर पर आधारित है। HRA (हाउस रेंट अलाउंस) सीधे बेसिक पे से जुड़ा होता है, इसलिए नई सैलरी लागू होने पर इसमें भी रिवाइज्ड बदलाव देखने को मिलेगा। वहीं, महंगाई भत्ते (DA) और ट्रांसपोर्ट अलाउंस का गणित अलग नियमों से तय होता है।

आसान शब्दों में कहें तो वेतन आयोग की रिपोर्ट आने में जितना वक्त लगेगा, कर्मचारियों का इंतजार भले ही लंबा हो जाए, लेकिन अंत में एकमुश्त मिलने वाला एरियर उतना ही मोटा होगा। अब सबकी निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि सरकार अंतिम फिटमेंट फैक्टर क्या तय करती है।