MBBS-BDS इंटर्न का स्टाइपेंड 25 हजार हुआ, इन छात्रों को मिलेंगे फ्री टैबलेट

लखनऊ: उत्तर प्रदेश सरकार ने मेडिकल छात्रों और युवाओं के लिए दो बड़े फैसले लिए हैं। राज्य के सरकारी मेडिकल कॉलेजों में इंटर्नशिप कर रहे MBBS और BDS छात्रों का मासिक स्टाइपेंड 12,000 रुपये से बढ़ाकर 25,000 रुपये कर दिया गया है। राज्य सरकार ने 25 अगस्त को इस बढ़ोतरी पर अपनी मुहर लगा दी है। इसके साथ ही, युवाओं को तकनीकी रूप से सक्षम बनाने के लिए 25 लाख छात्रों को फ्री टैबलेट बांटने के प्रस्ताव को भी कैबिनेट ने मंजूरी दे दी है।
किसे मिलेगा बढ़े हुए स्टाइपेंड का लाभ
राज्य सरकार की ओर से जारी बयान के मुताबिक, स्टाइपेंड में हुई इस बढ़ोतरी का सीधा फायदा उन योग्य MBBS और BDS ग्रेजुएट्स को मिलेगा, जो अपनी अनिवार्य रोटेटरी इंटर्नशिप कर रहे हैं। यह नियम राज्य भर के सभी सरकारी मेडिकल कॉलेजों, संस्थानों और मेडिकल यूनिवर्सिटी पर लागू होगा। मेडिकल की पढ़ाई पूरी करने के बाद ये छात्र अस्पतालों में आपातकालीन सेवाओं, वार्ड, OPD और नाइट ड्यूटी में अहम जिम्मेदारी संभालते हैं और मरीजों के इलाज में डॉक्टरों का सहयोग करते हैं। सरकार का मानना है कि इस आर्थिक मदद से सरकारी अस्पतालों में मरीजों की देखभाल में इंटर्न का योगदान और मजबूत होगा।
विरोध-प्रदर्शन के बाद सरकार का एक्शन
स्टाइपेंड बढ़ाने का यह फैसला मेडिकल छात्रों के एक बड़े विरोध-प्रदर्शन के ठीक बाद आया है। बीते 22 अगस्त को कई सरकारी मेडिकल कॉलेजों के MBBS इंटर्न ने मानदेय बढ़ाने की मांग को लेकर प्रदर्शन किया था। इस विरोध में लखनऊ के किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (KGMU) और राम मनोहर लोहिया इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज के अलावा गोरखपुर के BRD मेडिकल कॉलेज और मेरठ के लाला लाजपत राय मेडिकल कॉलेज के इंटर्न छात्र शामिल हुए थे।
दूसरी बार बढ़ा मानदेय
योगी आदित्यनाथ सरकार के कार्यकाल में मेडिकल इंटर्न्स के स्टाइपेंड में यह दूसरी बढ़ोतरी है। इससे पहले साल 2021 में सरकार ने मासिक स्टाइपेंड को 7,500 रुपये से बढ़ाकर 12,000 रुपये किया था। अब इसे सीधे दोगुने से भी ज्यादा कर दिया गया है।
‘स्वामी विवेकानंद युवा सशक्तिकरण योजना’ के तहत बंटेंगे टैबलेट
मेडिकल छात्रों के अलावा, यूपी कैबिनेट ने ‘स्वामी विवेकानंद युवा सशक्तिकरण योजना’ के तहत 25 लाख टैबलेट खरीदने की भी मंजूरी दी है। ये टैबलेट अंडरग्रेजुएट, पोस्टग्रेजुएट, डिप्लोमा और स्किल-डेवलपमेंट प्रोग्राम कर रहे छात्रों को मुफ्त में बांटे जाएंगे। इस योजना के दायरे में इंडस्ट्रियल ट्रेनिंग इंस्टीट्यूट (ITI), तकनीकी और स्वास्थ्य शिक्षा से जुड़े छात्र भी शामिल हैं।
उत्तर प्रदेश के वित्त और संसदीय कार्य मंत्री सुरेश कुमार खन्ना ने इस फैसले पर जानकारी देते हुए कहा कि सरकार का मुख्य उद्देश्य युवाओं को डिजिटल रूप से सशक्त बनाना है। इन टैबलेट के जरिए छात्रों को डिजिटल लर्निंग, ऑनलाइन ट्रेनिंग और रोजगार व स्वरोजगार के मौके तलाशने में मदद मिलेगी। साथ ही वे सरकारी योजनाओं का लाभ भी आसानी से उठा सकेंगे।
