‘गटर जेनरेशन’ बयान पर रामदेव का वार, बोले- ‘बिगड़े हुए दिमाग की निशानी’

रामदेव
साक्षी चतुर्वेदी
साक्षी चतुर्वेदी

नई दिल्ली: बॉलीवुड अभिनेत्री और बीजेपी सांसद कंगना रनौत के Gen Z को लेकर दिए गए पुराने बयान पर योग गुरु बाबा रामदेव की टिप्पणी से विवाद एक बार फिर चर्चा में आ गया है। एक टीवी इंटरव्यू में कंगना के बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए रामदेव ने इसे ‘बिगड़े हुए दिमाग की निशानी’ बताया। उन्होंने कंगना की योग में रुचि का जिक्र किए जाने पर भी कहा कि किसी के योग की प्रशंसा करने से उसके दूसरे बयानों पर पर्दा नहीं डाला जा सकता।

रामदेव ने कहा कि किसी भी वर्ग या पीढ़ी को ‘गटर’ कहना गलत है और इस तरह की भाषा पर संबंधित राजनीतिक दल को भी ध्यान देना चाहिए।

‘गटर-पटर बोलना बिगड़े हुए दिमाग की निशानी’

कंगना के पुराने बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए बाबा रामदेव ने कहा कि किसी वर्ग के लिए इस तरह की भाषा का इस्तेमाल उचित नहीं है। उन्होंने इसे ‘बिगड़े हुए दिमाग की निशानी’ बताया।

रामदेव ने बातचीत के दौरान कंगना की योग में रुचि का जिक्र आने पर भी कहा कि किसी व्यक्ति द्वारा योग की प्रशंसा किए जाने से उसके दूसरे बयानों की आलोचना खत्म नहीं हो जाती। उन्होंने कंगना के पुराने आचरण और सार्वजनिक बयानों को लेकर भी सवाल उठाए। 

क्या था कंगना का ‘गटर जेनरेशन’ वाला बयान?

कंगना रनौत ने NEET प्रोटेस्ट के बाद सोशल मीडिया पर Gen Z और पश्चिमी जीवनशैली को लेकर एक पोस्ट साझा किया था। इसमें उन्होंने पश्चिमी जीवनशैली से प्रभावित भारतीय युवाओं, खासकर महिलाओं, को लेकर तीखी टिप्पणी की थी।

कंगना ने दावा किया था कि आजादी का मतलब केवल अपनी पसंद के मुताबिक जीवन जीना नहीं है, बल्कि उसके साथ जिम्मेदारियां निभाना भी जरूरी है।

अपने पोस्ट में उन्होंने शराब, ड्रग्स, रिश्तों और जिम्मेदारियों से बचने जैसी बातों का जिक्र करते हुए ऐसी जीवनशैली की आलोचना की थी। इसी दौरान उन्होंने ‘गटर जेनरेशन’ और ‘गटर छाप’ जैसे शब्दों का इस्तेमाल किया, जिसके बाद सोशल मीडिया पर उनकी आलोचना हुई।

बाद में Gen Z की तारीफ भी कर चुकी हैं कंगना

दिलचस्प बात यह है कि बाद में कंगना रनौत ने Gen Z को लेकर सकारात्मक टिप्पणी भी की थी।

उन्होंने युवाओं को देश की ताकत बताते हुए कहा था कि Gen Z भारत की बड़ी संपत्ति है और युवा भारतीय संस्कृति तथा पहचान के प्रतिनिधि के तौर पर आगे आ रहे हैं।

यानी कंगना के पुराने बयान में जहां Gen Z की जीवनशैली पर तीखा हमला था, वहीं बाद की टिप्पणी में उन्होंने इसी पीढ़ी को देश की ताकत बताया।

रामदेव की टिप्पणी से पुराना विवाद फिर गर्म

बाबा रामदेव की ताजा टिप्पणी के बाद कंगना का पुराना Gen Z विवाद एक बार फिर सुर्खियों में है।

इस मामले में दो अलग-अलग स्तरों पर बयान सामने आए हैं। कंगना ने जहां एक खास तरह की आधुनिक और पश्चिमी जीवनशैली की आलोचना की थी, वहीं रामदेव ने उनके द्वारा इस्तेमाल की गई भाषा पर सवाल उठाया है।

राजनीतिक और सोशल मीडिया बहस के बीच मुख्य मुद्दा अब यह है कि सार्वजनिक हस्तियों को किसी पूरी पीढ़ी या सामाजिक समूह के बारे में टिप्पणी करते समय भाषा की सीमा कहां तक रखनी चाहिए।

कंगना फिल्मों में भी सक्रिय

राजनीतिक जिम्मेदारियों के साथ कंगना रनौत फिल्मों में भी सक्रिय हैं। वह अपनी आगामी फिल्म ‘क्वीन 2’ को लेकर चर्चा में हैं।

कंगना का फिल्मी करियर और राजनीतिक सक्रियता दोनों ही उन्हें लगातार सार्वजनिक बहस के केंद्र में रखते हैं। ऐसे में उनके पुराने सोशल मीडिया बयान भी समय-समय पर नए विवादों के साथ फिर चर्चा में आ जाते हैं।